भाई दूज का पावन पर्व एक परिवार के लिए कभी न भूलने वाला गम लेकर आया। त्यौहार की खुशियां उस समय मातम में बदल गईं, जब एक सड़क हादसे ने हंसते-खेलते परिवार को हमेशा के लिए तोड़ दिया। इस हृदय विदारक घटना में एक युवा पति-पत्नी की मौके पर ही मौत हो गई और उनके दो मासूम बच्चे एक पल में ही अनाथ हो गए।
यह हादसा कांगड़ा बाईपास के पास हुआ जब स्कोट-भट्टी कुलदीप (30) और उनकी पत्नी तमन्ना (26) अपनी वैन से कहीं जा रहे थे। शायद तमन्ना अपने भाई के माथे पर टीका लगाकर उसकी लंबी उम्र की कामना करने जा रही थी या हो सकता है कि वे अपने किसी और काम से निकले हों पर किसे पता था कि काल उनका रास्ता रोके खड़ा है। उनकी तेज रफ्तार वैन सड़क किनारे लगे डंगे से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि वैन के परखच्चे उड़ गए और पति-पत्नी बुरी तरह उसमें फंस गए।
हादसे की आवाज सुनकर आसपास के लोग दौड़े चले आए जाेकि मंजर देख सन्न रह गए। हादसे की तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस और स्थानीय लोगों ने मिलकर कड़ी मशक्कत के बाद दोनों को क्षत-विक्षत वाहन से बाहर निकाला और उन्हें टांडा मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
इस हादसे की सबसे दर्दनाक तस्वीर वो दो मासूम बच्चे हैं, एक 4 साल की बेटी और दूसरा 6 साल का बेटा, जो गाड़ी की पिछली सीट पर बैठे होने के कारण बच तो गए, लेकिन हमेशा के लिए अनाथ हो गए। उनकी आंखों के सामने उनके मम्मी-पापा उनसे बिछड़ गए। उन मासूमों को शायद अभी यह भी नहीं पता कि उनके सिर से मां-बाप का साया हमेशा के लिए उठ चुका है और उनका भविष्य अब अंधेरे में डूब गया है।
मृतका तमन्ना के भाई ने नम आंखों से बताया कि उसे बहन के आने का कोई फोन नहीं आया था, लेकिन हो सकता है कि वह उसे सरप्राइज देने के लिए अचानक आ रही हो। एक भाई अपनी बहन का इंतजार करता रह गया और बहन दुनिया को ही अलविदा कह गई।
डीएसपी कांगड़ा अंकित शर्मा ने हादसे की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। लेकिन इस जाँच से वो जिंदगियां वापस नहीं आ सकतीं, जो एक पल में खत्म हो गईं। इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है, और हर कोई उन मासूम बच्चों के भविष्य को लेकर चिंतित है, जिनकी दुनिया एक ही झटके में उजड़ गई।








