हिमाचल प्रदेश में पर्यटन को बढ़ावा देने और स्थानीय लोगों को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने एक बड़ी पहल की है। मुख्यमंत्री ने आज शिमला में होम-स्टे पोर्टल (http://homestay.hp.gov.in) का विधिवत शुभारम्भ किया। इस ऑनलाइन पोर्टल के शुरू होने से अब प्रदेश के लोग घर बैठे ही होम-स्टे का पंजीकरण (रजिस्ट्रेशन) करवा सकेंगे। पोर्टल लॉन्च करते हुए मुख्यमंत्री ने प्रशासन को कड़े निर्देश दिए कि ऑब्जेक्शन के नाम पर होटल कारोबारियों को परेशान न किया जाए। हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री के लिए एक बड़ा कदम उठाते हुए उन्होंने निर्देश दिया कि फायर अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) के कारण होम-स्टे के पंजीकरण के रिन्यूअल (नवीनीकरण) को रोका नहीं जाना चाहिए। सीएम सुक्खू ने पर्यटन विभाग को आदेश दिए हैं कि फायर एनओसी की प्रक्रिया पूरी होने तक ऐसे होटलों कोप्रोविजनल पंजीकरण’ प्रदान किया जाए, ताकि उनका व्यवसाय बिना किसी बाधा के चलता रहे।
होम-स्टे योजना का दायरा बढ़ा, अब शहरों में भी मिलेगा लाभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्यटन से स्वरोजगार की दृष्टि से होम-स्टे योजना का दायरा बढ़ाया गया है। अब इस योजना में ग्रामीण क्षेत्रों के साथ-साथ शहरी क्षेत्रों को भी शामिल किया गया है। योजना के तहत अधिकतम 6 कमरों की सुविधा वाले होम-स्टे को पंजीकृत किया जा सकता है। इसका उद्देश्य पर्यटकों को अनछुए पर्यटन स्थलों तक लाना और उन्हें हिमाचल की संस्कृति व स्थानीय व्यंजनों से रूबरू करवाना है।
सरकार दे रही है ब्याज पर भारी छूट
होम-स्टे संचालकों को आर्थिक मदद देने के लिए सरकार ने ब्याज अनुदान योजना भी शुरू की है। होम-स्टे बनाने, विस्तार करने या अपग्रेड करने के लिए लिए गए टर्म लोन पर सरकार ब्याज में छूट दे रही है। शहरी क्षेत्र में 3 प्रतिशत, ग्रामीण क्षेत्र में 4 प्रतिशत और जनजातीय क्षेत्र में 5 प्रतिशत छूट दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि होम-स्टे में पर्यटकों को घर जैसा माहौल और स्थानीय व्यंजन मिलने से मकान मालिकों की आय में बढ़ाैतरी होगी। विशेषकर गांवों में बने पुरातन शैली के घर विदेशी पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र बन रहे हैं।
बैठक में ये रहे माैजूद
इस अवसर पर हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास बोर्ड के उपाध्यक्ष आरएस बाली (वर्चुअल माध्यम से), मुख्यमंत्री के प्रधान सलाहकार (मीडिया) नरेश चौहान, प्रधान सचिव देवेश कुमार और पर्यटन विभाग के निदेशक विवेक भाटिया भी उपस्थित थे।








