देवभूमि कहे जाने वाले हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले से एक ऐसी दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने न सिर्फ इस पवित्र भूमि को शर्मसार किया है, बल्कि इंसानियत के माथे पर भी कलंक लगा दिया है। एक मासूम बच्ची के साथ हुई दरिंदगी की इस घटना ने पूरे इलाके के लोगों को गहरे दुख और गुस्से से भर दिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार यह दर्दनाक घटना ऊना जिले के अंब उपमंडल के एक गांव की है। यहां मेहनत-मजदूरी कर अपना जीवन यापन करने वाले एक प्रवासी परिवार की दो मासूम बेटियों को पड़ोस का ही एक व्यक्ति कन्या पूजन के लिए अपने घर ले गया। घटना के कुछ देर बाद एक स्थानीय महिला ने बच्ची की मां को सूचना दी कि उसकी बेटी के साथ कोई हादसा हो गया है। घबराए और बदहवास परिजन तुरंत मौके पर पहुंचे। बच्ची की हालत देखकर वे सहम गए और उसे लहूलुहान व घायल अवस्था में तुरंत स्थानीय अस्पताल ले गए।
अस्पताल में जब डॉक्टरों ने मासूम की जांच की, तो जो सच सामने आया उसने माता-पिता के पैरों तले जमीन खिसका दी। डॉक्टरों ने स्पष्ट किया कि बच्ची के शरीर पर मौजूद चोटें किसी सामान्य हादसे का नतीजा नहीं हैं, बल्कि उसके साथ हुए कथित यौन शोषण के घाव हैं। बच्ची की नाजुक और गंभीर हालत को देखते हुए उसे तुरंत क्षेत्रीय अस्पताल ऊना रेफर कर दिया गया, जहां डॉक्टरों की टीम उसे बेहतर इलाज देने और उस गहरे सदमे से बाहर निकालने की कोशिश कर रही है।
इस जघन्य अपराध की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी गई। अंब के डीएसपी अनिल पटियाल ने इस संवेदनशील मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पॉक्सो एक्ट और अन्य सख्त धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। डीएसपी पटियाल ने कहा कि यह एक बेहद गंभीर और इंसानियत को झकझोरने वाला मामला है। हमने आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कई विशेष टीमें गठित कर दी हैं, जो उसके संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं। समाज को कलंकित करने वाले ऐसे किसी भी दोषी को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।







