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हिमाचल: दफ्तर से ली छुट्टी…फिर घर पहुंचकर शिमला MC के डिप्टी कंट्रोलर ने गले लगा ली मौत

सुबह दफ्तर में काम का सामान्य माहौल, चेहरे पर कोई शिकन नहीं और फिर अचानक दोपहर में मौत को गले लगाने का खौफनाक फैसला। राजधानी शिमला में एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने हर किसी को स्तब्ध कर दिया है। शिमला नगर निगम में डिप्टी कंट्रोलर (वित्त एवं लेखा) के पद पर तैनात रामेश्वर ने शुक्रवार को मेहली स्थित अपने घर में फंदा लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। यह कदम उन्होंने तब उठाया जब वह दफ्तर से गांव जाने की बात कहकर आधे दिन की छुट्टी लेकर निकले थे।

नगर निगम के कर्मचारियों के मुताबिक शुक्रवार सुबह रामेश्वर बिल्कुल आम दिनों की तरह कार्यालय पहुंचे थे। सुबह से लेकर दोपहर तक वह एकदम सामान्य दिखे। उनके हाव-भाव या बातचीत से किसी को भनक तक नहीं लगी कि उनके दिमाग में क्या चल रहा है। दोपहर बाद उन्होंने यह कहकर हाफ-डे (आधे दिन की छुट्टी) लिया कि उन्हें अपने गांव जाना है, लेकिन गांव जाने की बजाय वह मेहली स्थित अपने आवास पर पहुंचे और वहां फंदा लगाकर अपनी जान दे दी।

घटना का पता चलते ही नगर निगम के अधिकारियों और पुलिस टीम में हड़कंप मच गया। टीम तुरंत मौके पर पहुंची और रामेश्वर को फंदे से उतारकर आनन-फानन में अस्पताल ले जाया गया। लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।

इस आत्महत्या ने पुलिस और परिजनों दोनों को उलझा कर रख दिया है। कसुम्पटी पुलिस चौकी की टीम ने जब घटनास्थल की तलाशी ली, तो वहां से कोई भी सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और शव को पोस्टमार्टम के लिए आईजीएमसी भेज दिया है। पुलिस अब उन कारणों की तलाश कर रही है, जिनकी वजह से एक बड़े अधिकारी को इतना खौफनाक कदम उठाना पड़ा।

रामेश्वर के इस अचानक उठाए गए कदम से उनके सहकर्मी हैरान और परेशान हैं। वह अपने पीछे अपनी पत्नी और एक मासूम बच्चे को हमेशा के लिए रोता-बिलखता छोड़ गए हैं। नगर निगम के तमाम अधिकारियों और कर्मचारियों ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है और पीड़ित परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट की हैं।

पहाड़ों की रानी शिमला के लिए यह सप्ताह बेहद तनावपूर्ण रहा है। महज एक हफ्ते के भीतर शहर में आत्महत्या का यह दूसरा मामला सामने आया है। रामेश्वर की मौत से ठीक पहले, बीते 5 मई को शहर के अनाडेल इलाके में 12वीं कक्षा के एक छात्र ने भी इसी तरह अपनी जान दे दी थी। लगातार हो रही इन घटनाओं ने शहरवासियों की चिंताएं बढ़ा दी हैं।

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Author: Desk

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