देवभूमि हिमाचल को नशे के चंगुल से बचाने के लिए कांगड़ा पुलिस ने एक बार फिर अपना दम दिखाया है। एक गुप्त सूचना, एक सुनसान सड़क और पुलिस की बिजली जैसी फुर्ती ने कुल्लू से आए तीन तस्करों के मंसूबों पर पानी फेर दिया। जानकारी के अनुसार कांगड़ा पुलिस की स्पैशल टीम गश्त पर थी, तभी मुखबिर से खबर मिली कि डाढ-पालमपुर रोड पर घुमारका के पास सुनसान जगह पर एक गाड़ी खड़ी है, जिसमें सवार लोग भारी मात्रा में चरस लेकर ग्राहक की तलाश में हैं।
जैसे ही सूचना पुख्ता हुई ताे पुलिस टीम ने बिना वक्त गंवाए मौके पर दबिश दी। पुलिस को देखते ही गाड़ी में बैठे लोगों के होश उड़ गए। जब गाड़ी की तलाशी ली गई, तो पुलिस के हाथ एक बड़ी सफलता लगी। गाड़ी के भीतर से 1 किलो 510 ग्राम चरस बरामद हुई। यह खेप युवाओं की नसों में जहर घोलने के लिए लाई गई थी, लेकिन उससे पहले ही कानून के हाथ उन तक पहुंच गए।
पुलिस ने मौके से जिन तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया, वे तीनों कुल्लू जिले के रहने वाले हैं। इससे साफ होता है कि नशे का यह नैटवर्क एक जिले से दूसरे जिले तक फैला हुआ है। गिरफ्तार आरोपियों में धर्म चन्द निवासी चलाह (कुल्लू), राम प्रकाश निवासी ग्रांमग (कुल्लू) और कुंज लाल निवासी चलाह (कुल्लू) शामिल हैं। इन तीनों को पुलिस ने जेल का रास्ता दिखा दिया है। इनके खिलाफ थाना पालमपुर में एनडीपीएस एक्ट की धारा 21, 25 और 29 के तहत मामला दर्ज किया गया है। वहीं तस्करी में इस्तेमाल की गई गाड़ी काे भी कब्जे में ले लिया है।
इस बड़ी कामयाबी पर कांगड़ा पुलिस प्रमुख ने कड़े तेवर दिखाए हैं। उन्होंने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि नशे का धंधा करने वालों के लिए कांगड़ा में कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि हमारा मकसद युवाओं को नशे की गर्त में जाने से बचाना है। हम पूरी सख्ती और संवेदनशीलता से काम कर रहे हैं। नशा तस्कर चाहे कितना भी शातिर क्यों न हो, पुलिस की रडार से बच नहीं पाएगा। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे निडर होकर नशे के सौदागरों की सूचना दें, उनका नाम गुप्त रखा जाएगा। फिलहाल, पुलिस अब इन तस्करों के पूरे नैटवर्क को खंगालने में जुटी है कि आखिर कुल्लू से यह खेप किसके लिए लाई गई थी।








