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हिमाचल: खेल करने आई थी…खुद के ही साथ हो गया खेला, ऊना में लुटरी दुल्हन पर भारी पड़े ससुराल वाले

शादी के नाम पर ठगी करने वाली ‘लुटेरी दुल्हनों’ के मामले लगातार बढ़ रहे हैं, लेकिन हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है जो किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं है। यहां एक शातिर दुल्हन ने शादी के कुछ घंटों बाद ही गहने और नकदी लेकर भागने की कोशिश की, लेकिन उसे यह नहीं पता था कि ससुराल वाले उससे भी चार कदम आगे हैं। परिवार की सतर्कता के चलते दुल्हन जिस खजाने को असली समझकर भागी थी, वह दरअसल नकली (आर्टिफिशियल) निकला।

यह घटना ऊना जिले के गगरेट क्षेत्र के अंबोटा गांव की है। गांव के एक युवक की शादी नहीं हो रही थी, जिसके चलते परिवार चिंतित था। इसी बीच किसी बिचौलिए के माध्यम से पंजाब के जालंधर में एक रिश्ता तय हुआ। शादी के नाम पर हो रही लूट की घटनाओं से युवक का परिवार पहले से वाकिफ था। इसलिए उन्होंने एहतियात बरतते हुए एक मास्टरस्ट्रोक चला। परिवार ने दुल्हन के लिए असली गहनों की बजाय आर्टिफिशियल (नकली) गहने बनवाए, लेकिन शादी में बाकी सभी रस्में और चीजें बिल्कुल असली रखी गईं।

जानकारी के अनुसार, शादी संपन्न होने के बाद से ही दुल्हन की नीयत में खोट नजर आ रहा था। वह ससुराल वालों से बार-बार गहनों के असली होने की पुष्टि कर रही थी। जब ससुराल वालों ने उसे यकीन दिला दिया कि गहने असली हैं, तो उसने भागने का प्लान बना लिया। शादी वाली रात ही जैसे ही उसे मौका मिला, वह गहने और नकदी समेटकर अपनी मां के साथ घर से फरार हो गई। दुल्हन को घर से गायब पाकर दूल्हा पक्ष तुरंत सतर्क हो गया। उन्हें जिस बात का शक था, वह सच साबित हो चुका था। परिवार ने बिना समय गंवाए पीछा किया और कुछ ही दूरी पर पैदल भाग रही दुल्हन और उसकी मां को रंगे हाथों पकड़ लिया। दूल्हा पक्ष का स्पष्ट आरोप था कि दुल्हन का मकसद घर बसाना नहीं, बल्कि लूटपाट कर भागना था।

पकड़े जाने के बाद दोनों पक्षों को पुलिस थाने ले जाया गया। पुलिस पूछताछ में जब दुल्हन से पूछा गया कि वह पति के साथ क्यों नहीं रहना चाहती, तो वह कोई ठोस कारण नहीं बता पाई। उसने केवल इतना कहा कि वह उस घर में नहीं रहना चाहती। दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के मुताबिक इस भारी ड्रामे के बाद दोनों पक्षों के बीच आपसी सहमति से समझौता हो गया। समझौते के कारण पुलिस में इस संबंध में कोई आधिकारिक मामला दर्ज नहीं किया गया है।

इस घटना के बाद पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि शादी तय करने से पहले लड़की और उसके परिवार की पूरी पृष्ठभूमि की जांच-पड़ताल जरूर करें। किसी भी अनजान व्यक्ति या बिचौलिए की बातों में आकर आंख मूंदकर भरोसा न करें। अंबोटा गांव के इस परिवार ने अपनी समझदारी से लाखों रुपए की ठगी होने से बचा ली। इस घटना ने साबित कर दिया है कि ठगों से बचने के लिए सतर्कता ही सबसे बड़ा हथियार है और कभी-कभी शातिरों को भी गलत जगह पंगा लेने पर ‘सेर को सवा सेर’ मिल ही जाता है।

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Author: Desk

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